2023 December Month Vrat Parv Special Issue: दिसम्बर माह व्रत पर्व विशेषाङ्क

'ज्योतिर्विद डी डी शास्त्री'

Share on facebook
Share on twitter
Share on linkedin
Share on whatsapp
Share on email
Share on print

ॐ कालाकालाय विधमहे, कालाअथीथाया धीमहि, तन्नो काल भैरवा प्रचोदयात ll
ॐ ह्रीं बटुकाय आपदुद्धारणाय कुरु कुरु बटुकाय ह्रीं ॐ स्वाहा ।

ऊँ बं बटुक भैरवाय नमः …..सनातन धर्म में प्रत्येक दिन किसी न किसी देवी-देवता की पूजा या उनसे संबंधित व्रत-त्योहार आदि से जुड़ा होता है.इसी कड़ी में यदि बात करें अंग्रेजी कैलेंडर के वर्ष के Last Month December महीने की तो व्रत-पर्वों के दृषिकोण से माह माह अत्यधिक महत्पूर्ण है दिसम्बर मास का प्रारम्भ होगा कालभैरव जयन्ती व उत्पन्ना एकादशी से,मास के मध्य में मार्गशीर्ष भौमवती अमावस्या का शुभ संयोग बन रहा हैं,तदुपरान्त गीता जयंती,मोक्षदा एकादशी दिसम्बर मास के साथ वर्ष का समापन होगा श्रीगणेश संकष्टी गणेश चतुर्थी व्रत के साथ,इस माह में 16 दिसंबर को सूर्य बृश्चिक राशि का गोचर पूर्ण कर धनु राशि में प्रवेश करेंगे,16 दिसम्बर को पौष संक्रांति हैं तदुपरान्त 25 दिसम्बर शुक्र ग्रह तुला से वृश्चिक राशि में प्रवेश (गोचर) करेंगे,27 दिसंबर को मंगल ग्रह बृश्चिक राशि धनु राशि में प्रवेश (गोचर) करेंगे 28 दिसंबर को बुध ग्रह तुला राशि से वृश्चिक राशि में प्रवेश (गोचर) तथा 31 दिसंबर को बृहस्पति (गुरु) ग्रह मेष राशि में मार्गी गति को प्राप्त करेंगे,अंग्रेजी कैलेंडर के 12th Month में इस साल कब कौन सा तीज-त्योहार पड़ेगा,आइए विस्तार से जानने के लिए देखते हैं दिसम्बर महीने का कैलेंडर…….

नोट :- अपनी पत्रिका से सम्वन्धित विस्तृत जानकारी अथवा ज्योतिष,अंकज्योतिष,हस्तरेखा,वास्तु एवं याज्ञिक कर्म हेतु सम्पर्क करें…!

Share on facebook
Share on twitter
Share on linkedin
Share on whatsapp
Share on email
Share on print
नये लेख